भोपाल । प्रदेश में किसानों की फसलें पकने की कगार पर हैं, ऐसे में आई प्राक्रतिक आपदा ने किसानों को चिंता में डाल दिया है। गत दिनों मालवा अंचल के मंदसौर और आगर-मालवा में ओलावृष्टि से किसानों की फसलों को काफी नुकसान पहुंचा है। शाजापुर, उज्जैन और देवास जिलों में बारिश से किसानों की फसलें खराब होने के समाचार मिले हैं। आगर-मालवा के ग्राम लालू खेड़ी में जमकर ओलावृष्टि हुई। शाजापुर में गुरुवार तड़के करीब 3:30 बजे गड़गड़ाहट के साथ शुरू हुई बूंदाबांदी तेज बारिश में बदल गई। यह लगभग आधे घंटे तक होती रही। उज्जैन और देवास में भी सुबह बारिश हुई, वहीं इंदौर और आस-पास के इलाकों में बादल छाए रहे। मंदसौर जिले के कई गांवों सहित दलौदा, शामगढ़, नाहरगढ़ व अन्य क्षेत्रों में बुधवार शाम को मौसम में बदलाव हुआ। 
    बेमौसम बारिश के साथ काफी देर तक ओले भी गिरे। कुछ गांवों में ओले गिरने से सफेद चादर बिछ गई। ओलावृष्टि से फसलों में भारी नुकसान होने की खबर है। गेहूं, मैथी, चना, मसूर, सरसो, धनिया, खासकर अफीम की फसल में फूल व डोडे टूट कर गिर गए है। अफीम में लगभग 90 प्रतिशत नुकसान बताया जा रहा है। जिले में बुधवार शाम को कई इलाकों में बेमौसम बारिश ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। बड़ी उम्मीदों से खेतों में तैयार खड़ी फसल ओलो की मार से खासी नुकसानी में हुई है। दलौदा, खजुरी आंजना, राणाखेड़ा सहित कई गांवों में लगभग आधे घंटे तक तेज बारिश होने की खबर है। वहीं, नीबू से लेकर मक्का के आकार तक के ओले भी गिरे हैं। जिले में हुई ओलावृष्टि को लेकर सुवासरा विधायक हरदीपसिंह सिंह डंग ने कलेक्टर, एसडीएम से चर्चा कर पटवारियों को तुरंत सर्वे करने के निर्देश देने को भी कहा है।